अनशन खत्म, लेकिन आंदोलन जारी: शिक्षा मंत्री के इस्तीफे पर अड़ी CJP, पीएम मोदी के वीडियो संदेश के बाद भी नहीं बदला रुख

अनशन खत्म, लेकिन आंदोलन जारी: शिक्षा मंत्री के इस्तीफे पर अड़ी CJP, पीएम मोदी के वीडियो संदेश के बाद भी नहीं बदला रुख

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Hunger strike ends, but agitation continues

नई दिल्ली। Hunger strike ends, but agitation continues, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शुक्रवार रात एक बार फिर वीडियो संदेश के जरिये युवाओं के सामने अपनी बात रखी। उन्होंने पेपर लीक के मुद्दे पर गुरुवार रात जारी अपने वीडियो पर सकारात्मक प्रतिक्रिया एवं सुझाव देने के लिए युवाओं को धन्यवाद दिया।

खास बात यह है कि प्रधानमंत्री ने गुरुवार को भी वीडियो संदेश के लिए आधी रात का वक्त चुना था और जेन-जी को फ्रेंड्स कहकर संबोधित किया था।

शुक्रवार को उन्होंने अपने संबोधन की शुरुआत थैक्यू फ्रेंड्स से की। जनसभाओं में कभी स्थानीय बोली, तो कभी पहनावे से जनता के साथ संवाद स्थापित करने के लिए जाने जाने वाले प्रधानमंत्री ने जब जेन-जी से संवाद स्थापित किया तो उन्होंने उन्हीं की शैली और उनके समय को चुना। आम तौर पर माना जाता है कि जेन-जी देर रात ही डिजिटल वर्ल्ड में अधिक सक्रिय रहती है।

प्रधानमंत्री ने शुक्रवार रात लगभग 11.30 बजे जारी वीडियो संदेश में कहा, 'धन्यवाद दोस्तों, कल देर रात आपसे मिलने का मौका मिला था।

मैंने जो वीडियो पोस्ट किया था, उस पर आपने जिस तरह से प्रतिक्रिया दी, सकारात्मक सुझाव दिए, उसके लिए सभी को धन्यवाद। यह आपका प्यार बना रहे, हमारा नाता और अधिक सक्रियता से जुड़ता रहेगा। धन्यवाद दोस्तों।'

पीएम के वीडियो ने बनाया विश्व रिकॉर्ड

पीएम के गुरुवार देर रात जारी वीडियो ने 24 घंटे के भीतर सबसे अधिक बार देखे जाने का नया विश्व रिकॉर्ड बनाया है। इसे 30.3 करोड़ बार देखा गया और 16 लाख से अधिक लाइक्स मिले। इससे पहले किसी रील को 24 घंटे में 30 करोड़ बार देखे जाने का रिकार्ड था।

वहीं, सीजेपी के नेताओं ने साफ कह दिया है कि शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक प्रदर्शन जारी रहेगा। रात से ही जंतर मंतर पर लोगों की संख्या बढ़ने लगी है।

वांगचुक ने अपना अनशन खत्म कर दिया है

वांगचुक ने अपना अनशन खत्म कर दिया है। वांगचुक के स्वास्थ्य में हो रहा सुधार मेदांता में भर्ती सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के स्वास्थ्य में धीरे-धीरे सुधार हो रहा है।

मेदांता के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. संजय दुरानी ने बताया कि वर्तमान में वांगचुक को आवश्यकतानुसार तरल आहार दिया जा रहा है। उनकी हालत स्थिर और सचेत है। उनका उपचार उनकी सहमति और निर्धारित चिकित्सा प्रोटोकाल के अनुसार किया जा रहा है।